मन की सार्वभौमिक भाषा के माध्यम से स्वप्न व्याख्या पर लेख
वह विशाल पानी अज्ञात नहीं है। यह हर सचेत पल है जो आपने जिया, एक ही जलराशि में इकट्ठा।